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- वेक्टर जनित व संचारी रोगों की रोकथाम हेतु प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल फॉगिंग एवं एंटी-लार्वा छिड़काव के निर्देश।
- मार्च 2026 तक जनपद को टीबी मुक्त बनाने का लक्ष्य, सघन मॉनिटरिंग एवं मरीजों को पौष्टिक आहार उपलब्ध कराने पर जोर।
- शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित करने हेतु ओवरड्यू बच्चों का विशेष अभियान।
- संस्थागत प्रसव, लो बर्थ वेट बच्चों की देखभाल व जननी सुरक्षा योजना पर विशेष ध्यान।
- निजी चिकित्सालयों में सीसीटीवी अनिवार्य, प्रत्येक माह डीवीआर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश।
(आशा भारती नेटवर्क)
अंबेडकर नगर 31 अगस्त 2025।जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला की अध्यक्षता में दिनांक 30 अगस्त 2025 को देर शाम तक कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक संपन्न हुई। बैठक में जिलाधिकारी ने वेक्टर जनित रोगों एवं संचारी रोगों पर प्रभावी रोकथाम के निर्देश देते हुए कहा कि जिन-जिन क्षेत्रों में डेंगू और मलेरिया के मरीज निकल रहे हैं वहां पर पूरे क्षेत्र में तत्काल फॉगिंग एवं एंटी लार्वा का छिड़काव संबंधित अधिशासी अधिकारी/एडीओ पंचायत द्वारा कराया जाए। इस अवसर पर उन्होंने 102 एवं 108 एम्बुलेंस सेवाओं के रिस्पांस टाइम में और सुधार लाने के निर्देश दिए उन्होंने उप जिलाधिकारियों को अवशेष एम्बुलेंसों में भी उपकरणों की उपलब्धता एवं क्रियाशीलता की जांच का कार्य तत्काल करने के निर्देश दिए तथा एंबुलेंस में कमियां पाई जाती हैं तो स्टेट को सूचित करते हुए उसके भुगतान में कटौती किए जाने हेतु पत्र लिखने के निर्देश दिए।
टीबी मुक्त अभियान की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने स्क्रीनिंग को बढ़ाने तथा मरीज को बेहतर पौष्टिक आहार, चिकित्सीय सुविधा एवं सुझाव प्रदान करने, सभी एमओआईसी को टीबी रोगियों की सघन मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री जी एवं प्रधानमंत्री जी के विजन के अनुरूप मार्च 2026 तक प्रत्येक दशा में जनपद को भी टीवी मुक्त करना है इसे दृष्टिगत रखते हुए पूरी गंभीरता एवं संवेदनशीलता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें। उन्होंने कहा कि इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही क्षम्य नहीं है।
बैठक में समस्त एमओआईसी द्वारा अवगत कराया कि सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों सभी दवाएं पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं, कहीं पर भी दवाओं की कोई कमी नहीं है।
जिलाधिकारी ने आयुष्मान भारत–प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (गोल्डन कार्ड) के अंतर्गत शत प्रतिशत पात्र व्यक्तियों का आयुष्मान कार्ड से आच्छादन सुनिश्चित करने हेतु कंट्रोल रूम का संचालन करने तथा रोजाना अधिक से अधिक आयुष्मान कार्ड बनाए जाने के लक्ष्य के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। टीकाकरण की स्थिति की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने एमओआईसी अकबरपुर के द्वारा टीकाकरण एनालिसिस के कार्य की सराहना करते हुए कहा कि इसी प्रकार अन्य एमओआईसी भी टीकाकरण का एनालिसिस करके ओवर ड्यू टीकाकरण वाले बच्चों को प्राथमिकता पर अपेक्षित समय में टीकाकरण से आच्छादन सुनिश्चित करें तथा भविष्य में सभी बच्चों का समय पर टीकाकरण सुनिश्चित करते रहने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी एमओआईसी को ओवरड्यू बच्चों का शत प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित होने का प्रमाण पत्र देने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाए की एक भी बच्चा टीकाकरण से वंचित न रहे सभी बच्चों को समय पर सभी टीके लगे। उन्होंने आशा डायरी का सभी एमओआईसी को स्वयं सत्यापन करने और समय-समय पर आशाओं को आशा डायरी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। बैठक में समिति द्वारा जनपद के पांच आशाओं द्वारा बार बार चेतावनी के उपरांत भी अपने दायित्वों का सम्यक निर्वहन न करने के कारण उनकी सेवाओं को समाप्त करने का निर्णय लिया गया। इसी के साथ ही सबसे खराब प्रदर्शन करने वाले अर्थात अपने दायित्वों का सही से निर्वहन न करने वाले सीएचओ पर भी नियमानुसार कड़ी कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जननी सुरक्षा योजना के अंतर्गत भुगतान समय पर सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने संस्थागत प्रसव में खराब प्रगति पर नाराजगी व्यक्त की तथा इसमें सुधार लाने हेतु संबंधित को निर्देशित किया गया। उन्होंने संस्थागत प्रसवनमें सुधार लाने हेतु सभी एमओआईसी को गंभीरता से कार्य करने के निर्देश दिए। सभी एमओआईसी व एएनएम को निर्देशित करते हुए कहा कि जन्म के समय लो वर्थ वेट वाले बच्चों को एसएनसीयू अथवा एनबीएसयू में अवश्य भर्ती कराएं तथा उनकी नियमित बेहतर देखभाल सुनिश्चित करें जिससे वे बच्चे सैम या मैम श्रेणी में जाएं। बैठक में अर्बन कोऑर्डिनेटर को अनुपस्थित होने पर स्पष्टीकरण देने तथा अग्रिम आदेश तक वेतन रोकने के निर्देश दिए गए।
बैठक में जिलाधिकारी ने उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी को समस्त प्राइवेट चिकित्सालय में सीसीटीवी की स्थापना एवं क्रियाशीलता को अनिवार्य करने तथा प्रत्येक माह का डीवीआर प्राप्त करने के निर्देश दिए। इसी के साथ ही उन्होंने प्राइवेट चिकित्सालय में हो रहे प्रसव का डाटा भी प्राप्त करने के निर्देश दिए।
बैठक के अंत में जिलाधिकारी ने कहा कि एक स्वस्थ राष्ट्र के निर्माण में स्वास्थ्य एवं शिक्षा सबसे महत्वपूर्ण घटक हैं अतः सभी चिकित्सक एवं कार्मिक अपने दायित्वों का पूरी गंभीरता के साथ निर्वहन करें और प्रत्येक व्यक्ति को बेहतर चिकित्सीय सुविधाएं उपलब्ध कराएं।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी आनंद कुमार शुक्ला एवं मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर संजय कुमार शैवाल सहित अन्य संबंधित चिकित्सक एवं संबंधित कार्मिक उपस्थित रहे।