अंबेडकर नगर।(आशा भारती नेटवर्क) कटेहरी विकासखंड के ग्राम पंचायत प्रतापपुर चमुर्खा में वृद्धावस्था पेंशन योजना के तहत सामने आए गंभीर अनियमितता के मामले में प्रशासन ने अभी भी सक्रियता नहीं दिखाई। ग्राम निवासी द्रोपदी की मृत्यु फरवरी 2025 में होने के बावजूद उनके नाम पर लगभग 9 महीने तक पेंशन भुगतान जारी रहने की शिकायत के बाद जिला प्रशासन ने जांच प्रक्रिया शुरू कर दी और कार्यवाही ठंडा बस्ते में चला गया। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार परिवारजनों एवं ग्राम पंचायत स्तर पर कथित मिलीभगत के आरोपों के बीच मृतक प्रमाण-पत्र जारी होने के बाद भी इसे रद्द करने तथा पेंशन प्रवाह न रोकने पर सवाल उठे थे। निकाली गई राशि के बैंक लोन में समायोजन की चर्चा भी सामने आई थी, जबकि रिकवरी केवल 2 महीने की राशि तक ही सीमित रहने से विवाद बढ़ा।जिला समाज कल्याण विभाग एवं संबंधित अधिकारियों ने मामले की प्रारंभिक जांच शुरू की है। जिले में पहले भी मृत लाभार्थियों के खातों में पेंशन ट्रांसफर होने के बड़े पैमाने पर मामले (जैसे 4939 मृतकों का उल्लेख) सामने आने के बाद सत्यापन अभियान तेज किए गए थे। इस संदर्भ में प्रशासन का कहना है कि ऐसी अनियमितताओं पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी, जिसमें दोषी पाए जाने पर पंचायत सचिव, परिवारजन या अन्य संलिप्त व्यक्तियों के खिलाफ विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई शामिल हो सकती है।ग्रामीणों की मांग है कि उच्च स्तरीय जांच कर पूरी राशि की वसूली हो तथा भविष्य में आधार-लिंक्ड तत्काल अपडेट, नियमित सत्यापन और डिजिटल निगरानी को मजबूत बनाया जाए।











