
अंबेडकर नगर।(आशा भारती नेटवर्क) विकास खंड कटेहरी अंतर्गत ग्राम पंचायत सारंगपुर में प्रशासन ने बड़ा फैसला लेते हुए प्रधान के वित्तीय एवं प्रशासनिक अधिकारों पर रोक लगा दी है। प्रधान की मृत्युपरांत प्रधान का चयन होना था चयनोपरांत प्रधान पद पर चयन सुधा पांडे का हुआ था परंतु सदस्यों द्वारा विरोध करने पर पुनः बैठक बुलाकर मतदान सदस्यों से करवाया गया और तत्पश्चात जिला मजिस्ट्रेट कार्यालय अम्बेडकरनगर द्वारा जारी आदेश के अनुसार ग्राम पंचायत के कार्यों के संचालन में अनियमितताओं और विवाद की स्थिति को देखते हुए यह कार्रवाई की गई है।जारी आदेश में बताया गया है कि सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) कटेहरी की आख्या तथा ग्राम पंचायत सदस्यों के प्रस्ताव के आधार पर यह निर्णय लिया गया। ग्राम पंचायत के अधिकांश सदस्यों ने प्रधान के कार्यों पर आपत्ति जताते हुए उनके अधिकारों के हस्तांतरण की मांग की थी। इसके बाद नियमानुसार बैठक आयोजित कर बहुमत के आधार पर प्रस्ताव पारित किया गया, जिसमें 9 सदस्यों का समर्थन प्राप्त हुआ।
प्रशासन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रधान के अधिकारों का प्रयोग करने के लिए ग्राम पंचायत सदस्य कृष्ण प्रताप पाण्डेय को अधिकृत कर दिया है। यह व्यवस्था अधिकतम 6 माह या नए प्रधान के चयन/उपचुनाव तक प्रभावी रहेगी। जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला द्वारा जारी इस आदेश के बाद ग्राम पंचायत में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। वहीं स्थानीय स्तर पर इस कार्रवाई को प्रशासन की सख्ती के रूप में देखा जा रहा है।प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पंचायत कार्यों में पारदर्शिता और सुचारू संचालन सुनिश्चित करने के लिए यह कदम उठाया गया है।











