RCCMS पोर्टल पर लंबित राजस्व वादों के प्रभावी निस्तारण के आधार पर प्रदेश के सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले न्यायालयों में मिली जगह
जिलाधिकारी ईशा प्रिया ने संबंधित न्यायिक अधिकारियों को दी बधाई, वादों के त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण की गति बनाए रखने के दिए निर्देश
(आशा भारती नेटवर्क)
अंबेडकरनगर 09 अक्टूबर 2026।मुख्यमंत्री कार्यालय, उत्तर प्रदेश द्वारा राजस्व न्यायालय कंप्यूटरीकृत प्रबंधन प्रणाली (RCCMS) पोर्टल पर राजस्व वादों के निस्तारण की प्रगति की समीक्षा के दौरान जनपद अम्बेडकरनगर के चार राजस्व न्यायालयों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। दिनांक 01 जनवरी 2026 से 01 सितंबर 2026 तक की अवधि में लंबित राजस्व वादों की संख्या में प्रभावी कमी लाते हुए अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) न्यायालय अंबेडकरनगर(65.67% वादों का निस्तारण), उप जिलाधिकारी (न्यायिक) न्यायालय, जलालपुर(63.13%), उप जिलाधिकारी (न्यायिक) न्यायालय, आलापुर(55.27%) तथा उप जिलाधिकारी (तहसील स्तर) न्यायिक न्यायालय, टांडा(48.67%) ने प्रदेश के सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले न्यायालयों की सूची में स्थान प्राप्त किया है।
समीक्षा के दौरान उक्त न्यायालयों में राजस्व वादों के समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के प्रयासों को उल्लेखनीय माना गया। यह उपलब्धि राजस्व न्यायालयों में लंबित वादों के प्रभावी अनुश्रवण, नियमित समीक्षा तथा निस्तारण की प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए किए गए प्रयासों को दर्शाती है।
इस उपलब्धि पर जिलाधिकारी श्रीमती ईशा प्रिया ने अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) रंजीत सिंह सहित संबंधित न्यायिक अधिकारियों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि नियमित समीक्षा, सतत पर्यवेक्षण तथा वादों के त्वरित, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के लिए किए गए प्रभावी प्रयासों से यह उपलब्धि हासिल हुई है।
जिलाधिकारी ने समस्त राजस्व अधिकारियों को निर्देशित किया कि राजस्व वादों के निस्तारण में प्राप्त गति को निरंतर बनाए रखें तथा प्रत्येक प्रकरण का निष्पक्ष, गुणवत्तापूर्ण एवं निर्धारित समय-सीमा के भीतर निस्तारण सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप आमजन को समय से न्याय उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। इसके लिए राजस्व न्यायालयों में लंबित वादों की नियमित समीक्षा करते हुए निस्तारण की प्रगति पर विशेष ध्यान दिया जाए।










