
अंबेडकरनगर कोर्ट ने अभिषेक वर्मा पर लगाया 30 हजार रुपये का जुर्माना, साक्ष्यों और गवाहों के बयानों के आधार पर सुनाया फैसला
अंबेडकर नगर।(आशा भारती नेटवर्क) शादी का झांसा देकर युवती से दुष्कर्म करने और उसका गर्भपात कराने के मामले में विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट की अदालत ने आरोपी अभिषेक वर्मा को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 30 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
जहांगीरगंज थाना क्षेत्र से जुड़े इस मामले में युवती की शिकायत पर पुलिस ने वर्ष 2024 में गोवर्धनपुर निवासी अभिषेक वर्मा के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। अभियोजन के अनुसार, आरोपी ने युवती को शादी का भरोसा देकर करीब तीन वर्षों तक उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। इस दौरान युवती के गर्भवती होने पर उसका गर्भपात भी कराया गया।
मामले की सुनवाई विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट की अदालत में हुई। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से प्रस्तुत किए गए साक्ष्यों, दस्तावेजों और गवाहों के बयानों का न्यायालय ने परीक्षण किया। उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर अदालत ने अभिषेक वर्मा को दोषी पाया।
दोष सिद्ध होने के बाद न्यायालय ने अभिषेक वर्मा को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 30 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। अदालत के इस फैसले के बाद पीड़िता को न्याय मिलने की बात कही जा रही है।












