
अंबेडकर नगर 24 जुलाई 2026। फार्म स्कूल हेतु प्रत्येक विकास खण्ड के दो प्रगतिशील कृषकों का चयन कर उनके प्रक्षेत्र पर खेती की नई विधा द्वारा कृषकों को जागरूक किया जाता है। फसलों की विभिन्न चार अवस्थाओं पर प्रगतिशील कृषकों के प्रक्षेत्र पर 25 कृषकों को प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है। उस प्रशिक्षण में किसानों को जागरूक करनें के साथ फार्म स्कूल में उगायी गयी फसलों के उपज का आकलन किया जाता है। फार्म स्कूल का मुख्य उद्देश्य कृषि की नयी तकनीकि को अधिक से अधिक कृषकों तक पहुंचाना है।
जिलाधिकारी श्रीमती ईशा प्रिया द्वारा वित्तीय वर्ष 2026-27 के खरीफ मौसम में आयोजित जनपद के समस्त 18 फार्म स्कूलों में प्रशिक्षण हेतु नोडल नामित किया गया है, जिनके द्वारा फार्म स्कूल के प्रशिक्षण में प्रतिभाग किया जा रहा है। समस्त नोडल अधिकारियों द्वारा कृषि व कृषि से सम्बन्धित अन्य योजनाओं के बारे में प्रशिक्षण में प्रतिभागी कृषकों को जानकारी दी जा रही है।
जनपद के विकास खण्ड टाण्डा के अन्तर्गत ग्राम-पियारेपुर में जिला प्रोबेशन अधिकारी, अम्बेडकरनगर एवं उप कृषि निदेशक, अम्बेडकरनगर के द्वारा प्रशिक्षण में प्रतिभाग किया गया। प्रशिक्षण में उपस्थित कृषकों को फार्म स्कूल से सम्बन्धित जानकारी के साथ-साथ अन्य कृषि निवेश, उर्वरक, बीज, कीटनाशी के उपयोग आदि के बारे में जानकारी दी गयी। डी०एस०आर (धान की सीधी बुवाई) के लाभ के बारे में बताया गया, डी०एस०आर० विधि से खेती करने पर बीज उर्वरक एवं पानी की बचत होती है जिससे खेती में 30 प्रतिशत तक लागत कम हो जाती है साथ ही साथ फसल के उत्पादन में कोई कमी नहीं होती है। प्रशिक्षण में उपस्थित कृषकों द्वारा बताया गया कि पियारेपुर गाँव में 30-40 हेक्टेयर में धान की सीधी बुवाई की गयी है।
इसी प्रकार जनपद के समस्त चिन्हित 18 फार्म स्कूलों पर नामित नोडल अधिकारियों की उपस्थिति में कृषि विभाग के अधिकारियों एवं विशेषज्ञों द्वारा प्रतिभागी कृषकों को डीएसआर विधि से खेती की बारीकियों/तकनीकी आदि से अवगत कराया गया तथा विभिन्न योजनाओं आज की जानकारी प्रदान की गई।











